गाजियाबाद जासूसी कांड: सुहेल और गणेश ने DRDO केंद्रों की भेजी 200+ वीडियो; 'सरफराज' और 'वसीम चिकना' से जुड़े तार

गाजियाबाद जासूसी कांड: सुहेल और गणेश ने DRDO केंद्रों की भेजी 200+ वीडियो; 'सरफराज' और 'वसीम चिकना' से जुड़े तार

Ghaziabad Espionage Scandal

Ghaziabad Espionage Scandal

साहिबाबाद (गाजियाबाद)। Ghaziabad Espionage Scandal, भारत में पाकिस्तान के लिए जासूसी करने वाले गिरोह से पूछताछ में लगातार सनसनीखेज जानकारी सामने आ रही हैं।

सूत्र बता रहे हैं कि भारत में गिरोह के सरगना सुहेल उर्फ रोमियो ने अपने पाकिस्तान में बैठे सरगना के खास माने जाने वाले गणेश के साथ मिलकर दिल्ली से लेकर मुंबई व कर्नाटक तक डीआरडीओ (रक्षा अनुसंधान एवं विकास संगठन) के प्रमुख केंद्रों की रेकी की थी।

200 से अधिक वीडियो पाकिस्तान भेजे

बताया कि दोनों आरोपी लंबे समय तक मुंबई, कर्नाटक व दिल्ली में रुके और इन केंद्रों व आसपास के स्थानों की 200 से अधिक वीडियो बनाकर पाकिस्तान भेजी। दोनों ने पाकिस्तानी आका द्वारा फोटो व वीडियाे बनाते समय बताए गए अक्षांश व देशांतर (लांगीट्यूड व लैटीट्यूड) का विशेष ध्यान रखा और उसी हिसाब से फोटो-वीडियो भेजे।

यह रेकी एक आतंकियों की एक बड़ी साजिश की ओर इशारा कर रही है। इससे वहीं आतंकियों और गैंगस्टर के नए गठजोड़ का भी एक और नया उदाहरण प्रकाश में आया है। सुहेल मुंबई के गैंगस्टर मोहम्मद खान उर्फ वसीम चिकना की यूट्यूब पर वीडियो देख प्रभावित था।

दोस्ती की इच्छा जताई

वीडियो कॉल पर उसने कुछ समय पहले पाकिस्तानी आका सरदार उर्फ सरफराज उर्फ जोरा सिंह से वसीम चिकना का जिक्र किया और उससे दोस्ती की इच्छा जताई। इस पर सरदार ने वीडियो कॉलिंग पर ही उसका फोटो दिखाया। जब सुहेल ने उसकी पहचान की तो सरदार ने सीधे वसीम चिकना को कॉन्फ्रेंस पर वीडियो कॉल पर ले लिया।

इसके बाद सरदार ने दोनों के नंबर आपस में आदान-प्रदान करा दिए और दोनों के बीच दोस्ती करा दी। सुहेल कुछ दिन पहले वसीम चिकना से मिलने के लिए मुंबई भी गया था। अंदेशा है कि जासूसी में वसीम ने भी मदद की, जांच एजेंसियां वसीम की भूमिका की भी जांच में जुटी हुई हैं।

वसीम चिकना को गैंगस्टर लोरेंस विश्नोई का शार्प शूटर बताया जाता है और उसका नाम बालीवुड अभिनेता सलमान खान के घर पर हुए हमले में प्रकाश में आया था।

पाकिस्तानी आका के कहने पर भारत आया था गणेश

गणेश मूलरूप से नेपाल का रहने वाला है। करीब चार साल पहले वह पुणे में एक फास्टफूड की दुकान पर काम करता था। यहां काम करते हुए उसकी दोस्ती सुहेल से हुई। दोनों पक्के दोस्त बन गए और इस दौरान सुहेल ने उसकी दोस्ती पाकिस्तानी आका सरदार उर्फ सरफराज से कराई। गणेश भी सरफराज के संपर्क में आया और नेपाल चला गया।

इसके बाद करीब एक साल पहले सरफराज के कहने पर गणेश वापस भारत आया और मुंबई पोर्ट पर ट्रक चालक की नौकरी करने लगा। इस दौरान ही उसने पोर्ट की रेकी की और यहां के फोटो वीडियो बनाकर पाकिस्तान भेजे और सुहेल के साथ मिलकर कर्नाटक, पुणे, व दिल्ली डीआरडीओ की रेकी कर वीडियो व फोटो और लोकेशन आगे भेजी। वर्तमान में वह सुहेल के साथ ही उसके किराये के कमरे पर रह रहा था।

तैयार है गिरोह के परेशानी में आने पर बचाने वाला बैकअप

सुहेल व गणेश ने पूछताछ में बताया है कि उन्हें बचाने के लिए पंजाब में एक बैकअप तैयार है। पाकिस्तानी सरदार ने उन्हें बताया था कि कभी तुम परेशानी में फंस गए तो पंजाब में एक मजबूत बैकअप तैयार है। वहां बैठा हुआ गिरोह का मजबूत सदस्य तुम्हे हर किसी कठिनाई से बचाकर निकाल लेगा और तुम सुरक्षित रहाेगे। इसके बाद एजेंसियां उस व्यक्ति की तलाश में भी जुटी हैं।

डीआरडीओ के इन केंद्रों की हुई थी रेकी

  • एरोनोटिकल डेवलपमेंट इस्टेब्लिश्मेंट – बेंगलुरू कर्नाटक
  • अर्नमेंट्स रिसर्च एंड डेवलपमेंट इस्टेब्लिश्मेंट – पुणे मुंबई
  • सेंटर फार एरबोर्न सिस्टम – बेंगलुरू कर्नाटक
  • सेंटर फॉर आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस एंड रोबाेटिक्स – बेंगलुरू कर्नाटक
  • सेंटर फार फायर एक्सप्लोसिव एंड एंवायरनमेंट सेफ्टी – दिल्ली
  • डिफेंस फूड रिसर्च लैबोरेटरी – मैसूर कर्नाटक